1 शमूएल १७:२८
जब दाऊद उन मनुष्यों से बातें कर रहा था, तब उसका बड़ा भाई एलीआब सुन रहा था; और एलीआब दाऊद से बहुत क्रोधित होकर कहने लगा, “तू यहाँ क्यों आया है? और जंगल में उन थोड़ी सी भेड़ बकरियों को तू किसके पास छोड़ आया है? तेरा अभिमान और तेरे मन की बुराई मुझे मालूम है; तू तो लड़ाई देखने के लिये यहाँ आया है।”1 शमूएल १७:२८ · IRV
यह पद अन्य भाषाओं में
- English — 1 Samuel 17:28
- Eliab his oldest brother heard when he spoke to the men; and Eliab’s anger burned against David, and he said, “Why have you come down? With whom have you left those few sheep in the wilderness? I know your pride and the evil of your heart; for you have come down that you might see the battle.”
- ગુજરાતી — 1 શમુએલ ૧૭:૨૮
- તેના મોટા ભાઈ અલિયાબે તેને તે માણસો સાથે બોલતાં સાંભળ્યો. ત્યારે તેણે દાઉદ ઉપર સખત ગુસ્સે થઈને કહ્યું, “તું અહીં કેમ આવ્યો છે? તેં ઘેટાંને અરણ્યમાં કોની પાસે મૂક્યાં છે? હું તારા ગર્વને તથા તારા અંતઃકરણની દુષ્ટતાને જાણું છું; કેમ કે તું અહી લડાઈ જોવા માટે આવ્યો છે.”
संदर्भ में
२६तब दाऊद ने उन पुरुषों से जो उसके आस-पास खड़े थे पूछा, “जो उस पलिश्ती को मारकर इस्राएलियों की नामधराई दूर करेगा उसके लिये क्या किया जाएगा? वह खतनारहित पलिश्ती क्या है कि जीवित परमेश्वर की सेना को ललकारे?”
२७तब लोगों ने उससे वही बातें कहीं, अर्थात् यह, कि जो कोई उसे मारेगा उससे ऐसा-ऐसा किया जाएगा।
२८जब दाऊद उन मनुष्यों से बातें कर रहा था, तब उसका बड़ा भाई एलीआब सुन रहा था; और एलीआब दाऊद से बहुत क्रोधित होकर कहने लगा, “तू यहाँ क्यों आया है? और जंगल में उन थोड़ी सी भेड़ बकरियों को तू किसके पास छोड़ आया है? तेरा अभिमान और तेरे मन की बुराई मुझे मालूम है; तू तो लड़ाई देखने के लिये यहाँ आया है।”
२९दाऊद ने कहा, “अब मैंने क्या किया है? वह तो निरी बात थी।”
३०तब उसने उसके पास से मुँह फेर के दूसरे के सम्मुख होकर वैसी ही बात कही; और लोगों ने उसे पहले के समान उत्तर दिया।
