1 शमूएल २६:२३
यहोवा एक-एक को अपने-अपने धार्मिकता और सच्चाई का फल देगा; देख, आज यहोवा ने तुझको मेरे हाथ में कर दिया था, परन्तु मैंने यहोवा के अभिषिक्त पर अपना हाथ उठाना उचित न समझा।1 शमूएल २६:२३ · IRV
यह पद अन्य भाषाओं में
- English — 1 Samuel 26:23
- The LORD will give to every man his righteousness and his faithfulness; because the LORD delivered you into my hand today, and I wouldn’t stretch out my hand against the LORD’s anointed.
- ગુજરાતી — 1 શમુએલ ૨૬:૨૩
- ઈશ્વર દરેક માણસને તેના ન્યાયીપણાનું તથા તેના વિશ્વાસુપણાનું ફળ આપશે; કેમ કે ઈશ્વરે તમને આજે મારા હાથમાં સોંપ્યાં હતા, પણ મેં ઈશ્વરના અભિષિક્તની વિરુદ્ધ મારો હાથ ઉગામવાની અપેક્ષા રાખી નહિ.
संदर्भ में
२१शाऊल ने कहा, “मैंने पाप किया है, हे मेरे बेटे दाऊद लौट आ; मेरा प्राण आज के दिन तेरी दृष्टि में अनमोल ठहरा, इस कारण मैं फिर तेरी कुछ हानि न करूँगा; सुन, मैंने मूर्खता की, और मुझसे बड़ी भूल हुई है।”
२२दाऊद ने उत्तर देकर कहा, “हे राजा, भाले को देख, कोई जवान इधर आकर इसे ले जाए।
२३यहोवा एक-एक को अपने-अपने धार्मिकता और सच्चाई का फल देगा; देख, आज यहोवा ने तुझको मेरे हाथ में कर दिया था, परन्तु मैंने यहोवा के अभिषिक्त पर अपना हाथ उठाना उचित न समझा।
२४इसलिए जैसे तेरे प्राण आज मेरी दृष्टि में प्रिय ठहरे, वैसे ही मेरे प्राण भी यहोवा की दृष्टि में प्रिय ठहरे, और वह मुझे समस्त विपत्तियों से छुड़ाए।”
२५शाऊल ने दाऊद से कहा, “हे मेरे बेटे दाऊद तू धन्य है! तू बड़े-बड़े काम करेगा और तेरे काम सफल होंगे।” तब दाऊद ने अपना मार्ग लिया, और शाऊल भी अपने स्थान को लौट गया।
