प्रेरितों के काम २२:७
और मैं भूमि पर गिर पड़ा: और यह वाणी सुनी, ‘हे शाऊल, हे शाऊल, तू मुझे क्यों सताता है?’प्रेरितों के काम २२:७ · IRV
यह पद अन्य भाषाओं में
- English — Acts 22:7
- I fell to the ground and heard a voice saying to me, ‘Saul, Saul, why are you persecuting me?’
- ગુજરાતી — પ્રેરિતોનાં કૃત્યો ૨૨:૭
- ત્યારે હું જમીન પર પડી ગયો, અને મારી સાથે બોલતી હોય એવી એક વાણી મેં સાંભળી કે, શાઉલ, શાઉલ, તું મને કેમ સતાવે છે?
संदर्भ में
५स्वयं महायाजक और सब पुरनिए गवाह हैं; कि उनमें से मैं भाइयों के नाम पर चिट्ठियाँ लेकर दमिश्क को चला जा रहा था, कि जो वहाँ हों उन्हें दण्ड दिलाने के लिये बाँधकर यरूशलेम में लाऊँ।
६“जब मैं यात्रा करके दमिश्क के निकट पहुँचा, तो ऐसा हुआ कि दोपहर के लगभग अचानक एक बड़ी ज्योति आकाश से मेरे चारों ओर चमकी।
७और मैं भूमि पर गिर पड़ा: और यह वाणी सुनी, ‘हे शाऊल, हे शाऊल, तू मुझे क्यों सताता है?’
८मैंने उत्तर दिया, ‘हे प्रभु, तू कौन है?’ उसने मुझसे कहा, ‘मैं यीशु नासरी हूँ, जिसे तू सताता है।’
९और मेरे साथियों ने ज्योति तो देखी, परन्तु जो मुझसे बोलता था उसकी वाणी न सुनी।
