प्रेरितों के काम २३:१०
जब बहुत झगड़ा हुआ, तो सैन्य-दल के सरदार ने इस डर से कि वे पौलुस के टुकड़े-टुकड़े न कर डालें, सैन्य-दल को आज्ञा दी कि उतरकर उसको उनके बीच में से जबरदस्ती निकालो, और गढ़ में ले आओ।प्रेरितों के काम २३:१० · IRV
यह पद अन्य भाषाओं में
- English — Acts 23:10
- When a great argument arose, the commanding officer, fearing that Paul would be torn in pieces by them, commanded the soldiers to go down and take him by force from among them and bring him into the barracks.
- ગુજરાતી — પ્રેરિતોનાં કૃત્યો ૨૩:૧૦
- તકરાર વધી પડી, ત્યારે તેઓ પાઉલના કત્લેઆમ કરશે, એવો ભય લાગ્યાથી સરદારે સિપાઈઓને આજ્ઞા કરી કે, ‘જઈને જબરદસ્તીથી તેને તેઓ મધ્યેથી ખેંચી લાવીને કિલ્લામાં લાવો.’”
संदर्भ में
८क्योंकि सदूकी तो यह कहते हैं, कि न पुनरुत्थान है, न स्वर्गदूत और न आत्मा है; परन्तु फरीसी इन सब को मानते हैं।
९तब बड़ा हल्ला मचा और कुछ शास्त्री जो फरीसियों के दल के थे, उठकर यह कहकर झगड़ने लगे, “हम इस मनुष्य में कुछ बुराई नहीं पाते; और यदि कोई आत्मा या स्वर्गदूत उससे बोला है तो फिर क्या?”
१०जब बहुत झगड़ा हुआ, तो सैन्य-दल के सरदार ने इस डर से कि वे पौलुस के टुकड़े-टुकड़े न कर डालें, सैन्य-दल को आज्ञा दी कि उतरकर उसको उनके बीच में से जबरदस्ती निकालो, और गढ़ में ले आओ।
११उसी रात प्रभु ने उसके पास आ खड़े होकर कहा, “हे पौलुस, धैर्य रख; क्योंकि जैसी तूने यरूशलेम में मेरी गवाही दी, वैसी ही तुझे रोम में भी गवाही देनी होगी।”
१२जब दिन हुआ, तो यहूदियों ने एका किया, और शपथ खाई कि जब तक हम पौलुस को मार न डालें, यदि हम खाएँ या पीएँ तो हम पर धिक्कार।
