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Methodist Church Nadiad
और हर एक किवाड़ में दो-दो मुड़नेवाले पल्ले थे, हर एक किवाड़ के लिये दो-दो पल्ले।

यहेजकेल ४१:२४ · IRV

यह पद अन्य भाषाओं में

EnglishEzekiel 41:24
The doors had two leaves each, two turning leaves: two for the one door, and two leaves for the other.
ગુજરાતીહઝકિયેલ ૪૧:૨૪
પ્રત્યેક બારણાને બે કમાડ હતાં, બે ફરતાં કમાડ હતાં; એક બારણાને બે કમાડ, બીજા બારણાને પણ બે.

संदर्भ में

२२वेदी काठ की बनी थी, और उसकी ऊँचाई तीन हाथ, और लम्बाई दो हाथ की थी; और उसके कोने और उसका सारा पाट और अलंगें भी काठ की थीं। और उसने मुझसे कहा, “यह तो यहोवा के सम्मुख की मेज है।”

२३मन्दिर और पवित्रस्थान के द्वारों के दो-दो किवाड़ थे।

२४और हर एक किवाड़ में दो-दो मुड़नेवाले पल्ले थे, हर एक किवाड़ के लिये दो-दो पल्ले।

२५जैसे मन्दिर की दीवारों में करूब और खजूर के पेड़ खुदे हुए थे, वैसे ही उसके किवाड़ों में भी थे, और ओसारे की बाहरी ओर लकड़ी की मोटी-मोटी धरनें थीं।

२६ओसारे के दोनों ओर झिलमिलीदार खिड़कियाँ थीं और खजूर के पेड़ खुदे थे; और भवन की बाहरी कोठरियाँ और मोटी-मोटी धरनें भी थीं।

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