इब्रानियों ७:११
तब यदि लेवीय याजकपद के द्वारा सिद्धि हो सकती है (जिसके सहारे से लोगों को व्यवस्था मिली थी) तो फिर क्या आवश्यकता थी, कि दूसरा याजक मलिकिसिदक की रीति पर खड़ा हो, और हारून की रीति का न कहलाए?इब्रानियों ७:११ · IRV
यह पद अन्य भाषाओं में
- English — Hebrews 7:11
- Now if perfection was through the Levitical priesthood (for under it the people have received the law), what further need was there for another priest to arise after the order of Melchizedek, and not be called after the order of Aaron?
- ગુજરાતી — હિબ્રૂઓને પત્ર ૭:૧૧
- એ માટે જો લેવીના યાજકપણાથી પરિપૂર્ણતા થઈ હોત, કેમ કે તે દ્વારા લોકોને નિયમશાસ્ત્ર મળ્યું હતું, તો હારુનના નિયમ પ્રમાણે ગણાયેલો નહિ, એવો બીજો યાજક મેલ્ખીસેદેકના નિયમ અનુસાર ઉત્પન્ન થાય એની શી અગત્ય હતી?
संदर्भ में
९तो हम यह भी कह सकते हैं, कि लेवी ने भी, जो दसवाँ अंश लेता है, अब्राहम के द्वारा दसवाँ अंश दिया।
१०क्योंकि जिस समय मलिकिसिदक ने उसके पिता से भेंट की, उस समय यह अपने पिता की देह में था। (उत्प. 14:18-20)
११तब यदि लेवीय याजकपद के द्वारा सिद्धि हो सकती है (जिसके सहारे से लोगों को व्यवस्था मिली थी) तो फिर क्या आवश्यकता थी, कि दूसरा याजक मलिकिसिदक की रीति पर खड़ा हो, और हारून की रीति का न कहलाए?
१२क्योंकि जब याजक का पद बदला जाता है तो व्यवस्था का भी बदलना अवश्य है।
१३क्योंकि जिसके विषय में ये बातें कही जाती हैं, वह दूसरे गोत्र का है, जिसमें से किसी ने वेदी की सेवा नहीं की।
