यशायाह ३०:२
वे मुझसे बिन पूछे मिस्र को जाते हैं कि फ़िरौन की रक्षा में रहे और मिस्र की छाया में शरण लें।यशायाह ३०:२ · IRV
यह पद अन्य भाषाओं में
- English — Isaiah 30:2
- who set out to go down into Egypt without asking for my advice, to strengthen themselves in the strength of Pharaoh, and to take refuge in the shadow of Egypt!
- ગુજરાતી — યશાયા ૩૦:૨
- તેઓ મને પૂછયા વિના મિસરમાં ચાલ્યા જાય છે. તેઓ ફારુનથી રક્ષણ મેળવવા અને મિસરની છાયામાં શરણ શોધે છે.
संदर्भ में
१यहोवा की यह वाणी है, “हाय उन बलवा करनेवाले लड़कों पर जो युक्ति तो करते परन्तु मेरी ओर से नहीं; वाचा तो बाँधते परन्तु मेरी आत्मा के सिखाए नहीं; और इस प्रकार पाप पर पाप बढ़ाते हैं।
२वे मुझसे बिन पूछे मिस्र को जाते हैं कि फ़िरौन की रक्षा में रहे और मिस्र की छाया में शरण लें।
३इसलिए फ़िरौन का शरणस्थान तुम्हारी लज्जा का, और मिस्र की छाया में शरण लेना तुम्हारी निन्दा का कारण होगा।
४उसके हाकिम सोअन में आए तो हैं और उसके दूत अब हानेस में पहुँचे हैं।
