यशायाह ३०:५
वे सब एक ऐसी जाति के कारण लज्जित होंगे जिससे उनका कुछ लाभ न होगा, जो सहायता और लाभ के बदले लज्जा और नामधराई का कारण होगी।”यशायाह ३०:५ · IRV
यह पद अन्य भाषाओं में
- English — Isaiah 30:5
- They shall all be ashamed because of a people that can’t profit them, that are not a help nor profit, but a shame, and also a reproach.”
- ગુજરાતી — યશાયા ૩૦:૫
- તોપણ જે લોકોથી તેઓને મદદ મળવાની નથી, જેઓ સહાયકારને ઉપયોગી થવાના નથી, પણ લજ્જાસ્પદ તથા અપમાનકારક છે, તેઓનાથી તેઓ સર્વ લજ્જિત થશે.”
संदर्भ में
३इसलिए फ़िरौन का शरणस्थान तुम्हारी लज्जा का, और मिस्र की छाया में शरण लेना तुम्हारी निन्दा का कारण होगा।
४उसके हाकिम सोअन में आए तो हैं और उसके दूत अब हानेस में पहुँचे हैं।
५वे सब एक ऐसी जाति के कारण लज्जित होंगे जिससे उनका कुछ लाभ न होगा, जो सहायता और लाभ के बदले लज्जा और नामधराई का कारण होगी।”
६दक्षिण देश के पशुओं के विषय भारी वचन। वे अपनी धन-सम्पत्ति को जवान गदहों की पीठ पर, और अपने खजानों को ऊँटों के कूबड़ों पर लादे हुए, संकट और सकेती के देश में होकर, जहाँ सिंह और सिंहनी, नाग और उड़नेवाले तेज विषधर सर्प रहते हैं, उन लोगों के पास जा रहे हैं जिनसे उनको लाभ न होगा।
७क्योंकि मिस्र की सहायता व्यर्थ और निकम्मी है, इस कारण मैंने उसको ‘बैठी रहनेवाली रहब’ कहा है।
