याकूब ५:१७
एलिय्याह भी तो हमारे समान दुःख-सुख भोगी मनुष्य था; और उसने गिड़गिड़ाकर प्रार्थना की ; कि बारिश न बरसे; और साढ़े तीन वर्ष तक भूमि पर बारिश नहीं हुई। (1 राजा. 17:1)याकूब ५:१७ · IRV
यह पद अन्य भाषाओं में
- English — James 5:17
- Elijah was a man with a nature like ours, and he prayed earnestly that it might not rain, and it didn’t rain on the earth for three years and six months.
- ગુજરાતી — યાકૂબનો પત્ર ૫:૧૭
- એલિયા સ્વભાવે આપણા જેવો માણસ હતો. પણ તેણે પ્રાર્થનામાં વિનંતી કરી કે ‘વરસાદ વરસે નહિ;’ તેથી સાડાત્રણ વરસ સુધી ભૂમિ પર વરસાદ વરસ્યો નહિ.
संदर्भ में
१५और विश्वास की प्रार्थना के द्वारा रोगी बच जाएगा और प्रभु उसको उठाकर खड़ा करेगा; यदि उसने पाप भी किए हों, तो परमेश्वर उसको क्षमा करेगा।
१६इसलिए तुम आपस में एक दूसरे के सामने अपने-अपने पापों को मान लो; और एक दूसरे के लिये प्रार्थना करो, जिससे चंगे हो जाओ; धर्मी जन की प्रार्थना के प्रभाव से बहुत कुछ हो सकता है।
१७एलिय्याह भी तो हमारे समान दुःख-सुख भोगी मनुष्य था; और उसने गिड़गिड़ाकर प्रार्थना की ; कि बारिश न बरसे; और साढ़े तीन वर्ष तक भूमि पर बारिश नहीं हुई। (1 राजा. 17:1)
१८फिर उसने प्रार्थना की, तो आकाश से वर्षा हुई, और भूमि फलवन्त हुई। (1 राजा. 18:42-45)
१९हे मेरे भाइयों, यदि तुम में कोई सत्य के मार्ग से भटक जाए, और कोई उसको फेर लाए।
