यिर्मयाह १:३
इसके बाद योशिय्याह के पुत्र यहूदा के राजा यहोयाकीम के राज्य के दिनों में, और योशिय्याह के पुत्र यहूदा के राजा सिदकिय्याह के राज्य के ग्यारहवें वर्ष के अन्त तक भी प्रगट होता रहा जबकि उसी वर्ष के पाँचवें महीने में यरूशलेम के निवासी बँधुआई में न चले गए।यिर्मयाह १:३ · IRV
यह पद अन्य भाषाओं में
- English — Jeremiah 1:3
- It came also in the days of Jehoiakim the son of Josiah, king of Judah, to the end of the eleventh year of Zedekiah, the son of Josiah, king of Judah, to the carrying away of Jerusalem captive in the fifth month.
- ગુજરાતી — યર્મિયા ૧:૩
- યહૂદિયાના રાજા યોશિયાના દીકરા યહોયાકીમના રાજ્યશાસન દરમ્યાન, તેમ જ તે પછી યહૂદિયાના રાજા યોશિયાના દીકરા સિદકિયાના અગિયારમા વર્ષના અંત સુધી, એટલે તે વર્ષના પાંચમા મહિનામાં યરુશાલેમનો બંદીવાસ થતાં સુધી તે વચન આવ્યું.
संदर्भ में
१हिल्किय्याह का पुत्र यिर्मयाह जो बिन्यामीन क्षेत्र के अनातोत में रहनेवाले याजकों में से था, उसी के ये वचन हैं।
२यहोवा का वचन उसके पास आमोन के पुत्र यहूदा के राजा योशिय्याह के राज्य के दिनों में उसके राज्य के तेरहवें वर्ष में पहुँचा।
३इसके बाद योशिय्याह के पुत्र यहूदा के राजा यहोयाकीम के राज्य के दिनों में, और योशिय्याह के पुत्र यहूदा के राजा सिदकिय्याह के राज्य के ग्यारहवें वर्ष के अन्त तक भी प्रगट होता रहा जबकि उसी वर्ष के पाँचवें महीने में यरूशलेम के निवासी बँधुआई में न चले गए।
४तब यहोवा का यह वचन मेरे पास पहुँचा,
५“गर्भ में रचने से पहले ही मैंने तुझ पर चित्त लगाया, और उत्पन्न होने से पहले ही मैंने तुझे अभिषेक किया; मैंने तुझे जातियों का भविष्यद्वक्ता ठहराया।” (गला. 1:15)
