यिर्मयाह ४४:२७
सुनो, अब मैं उनकी भलाई नहीं, हानि ही की चिन्ता करूँगा ; मिस्र देश में रहनेवाले सब यहूदी, तलवार और अकाल के द्वारा मिटकर नाश हो जाएँगे जब तक कि उनका सर्वनाश न हो जाए।यिर्मयाह ४४:२७ · IRV
यह पद अन्य भाषाओं में
- English — Jeremiah 44:27
- Behold, I watch over them for evil, and not for good; and all the men of Judah who are in the land of Egypt will be consumed by the sword and by the famine, until they are all gone.
- ગુજરાતી — યર્મિયા ૪૪:૨૭
- જુઓ, હું હિત કરવા નહિ, પણ વિપત્તિ લાવવા સારુ તમારા પર મારી નજર રાખું છું. અને યહૂદા દેશના સર્વ લોકો જેઓ મિસર દેશમાં રહે છે, તેઓ સમાપ્ત થઈ જશે ત્યાં સુધી તેઓ તલવારથી તથા દુકાળથી નાશ પામતા જશે.
संदर्भ में
२५इस्राएल का परमेश्वर, सेनाओं का यहोवा, यह कहता है, कि तुम ने और तुम्हारी स्त्रियों ने मन्नतें मानी और यह कहकर उन्हें पूरी करते हो कि हमने स्वर्ग की रानी के लिये धूप जलाने और तपावन देने की जो-जो मन्नतें मानी हैं उन्हें हम अवश्य ही पूरी करेंगे; और तुम ने अपने हाथों से ऐसा ही किया। इसलिए अब तुम अपनी-अपनी मन्नतों को मानकर पूरी करो!
२६परन्तु हे मिस्र देश में रहनेवाले सारे यहूदियों यहोवा का वचन सुनो: सुनो, मैंने अपने बड़े नाम की शपथ खाई है कि अब पूरे मिस्र देश में कोई यहूदी मनुष्य मेरा नाम लेकर फिर कभी यह न कहने पाएगा, ‘प्रभु यहोवा के जीवन की सौगन्ध।’
२७सुनो, अब मैं उनकी भलाई नहीं, हानि ही की चिन्ता करूँगा ; मिस्र देश में रहनेवाले सब यहूदी, तलवार और अकाल के द्वारा मिटकर नाश हो जाएँगे जब तक कि उनका सर्वनाश न हो जाए।
२८जो तलवार से बचकर और मिस्र देश से लौटकर यहूदा देश में पहुँचेंगे, वे थोड़े ही होंगे; और मिस्र देश में रहने के लिये आए हुए सब यहूदियों में से जो बच पाएँगे, वे जान लेंगे कि किसका वचन पूरा हुआ, मेरा या उनका।
२९इस बात का मैं यह चिन्ह देता हूँ, यहोवा की यह वाणी है, कि मैं तुम्हें इसी स्थान में दण्ड दूँगा, जिससे तुम जान लोगे कि तुम्हारी हानि करने में मेरे वचन निश्चय पूरे होंगे।
