न्यायियों १९:५
चौथे दिन जब वे भोर को सवेरे उठे, और वह चलने को हुआ; तब स्त्री के पिता ने अपने दामाद से कहा, “एक टुकड़ा रोटी खाकर अपना जी ठंडा कर, तब तुम लोग चले जाना।”न्यायियों १९:५ · IRV
यह पद अन्य भाषाओं में
- English — Judges 19:5
- On the fourth day, they got up early in the morning, and he rose up to depart. The young lady’s father said to his son-in-law, “Strengthen your heart with a morsel of bread, and afterward you shall go your way.”
- ગુજરાતી — ન્યાયાધીશો ૧૯:૫
- ચોથે દિવસે તેઓએ વહેલાં ઊઠીને વિદાય થવાની તૈયારી કરી, પણ યુવતીના પિતાએ પોતાના જમાઈને કહ્યું, “થોડો ખોરાક ખાઈને તાજગી પામ. પછી તમે તમારે રસ્તે જજો.”
संदर्भ में
३तब उसका पति अपने साथ एक सेवक और दो गदहे लेकर चला, और उसके यहाँ गया, कि उसे समझा बुझाकर ले आए। वह उसे अपने पिता के घर ले गई, और उस जवान स्त्री का पिता उसे देखकर उसकी भेंट से आनन्दित हुआ।
४तब उसके ससुर अर्थात् उस स्त्री के पिता ने विनती करके उसे रोक लिया, और वह तीन दिन तक उसके पास रहा; इसलिए वे वहाँ खाते पीते टिके रहे।
५चौथे दिन जब वे भोर को सवेरे उठे, और वह चलने को हुआ; तब स्त्री के पिता ने अपने दामाद से कहा, “एक टुकड़ा रोटी खाकर अपना जी ठंडा कर, तब तुम लोग चले जाना।”
६तब उन दोनों ने बैठकर संग-संग खाया पिया; फिर स्त्री के पिता ने उस पुरुष से कहा, “और एक रात टिके रहने को प्रसन्न हो और आनन्द कर।”
७वह पुरुष विदा होने को उठा, परन्तु उसके ससुर ने विनती करके उसे दबाया, इसलिए उसने फिर उसके यहाँ रात बिताई।
