लैव्यव्यवस्था १३:५१
और सातवें दिन वह उस व्याधि को देखे, और यदि वह वस्त्र के चाहे ताने में चाहे बाने में, या चमड़े में या चमड़े की बनी हुई किसी वस्तु में फैल गई हो, तो जानना कि व्याधि गलित कोढ़ है, इसलिए वह वस्तु, चाहे कैसे ही काम में क्यों न आती हो, तो भी अशुद्ध ठहरेगी।लैव्यव्यवस्था १३:५१ · IRV
यह पद अन्य भाषाओं में
- English — Leviticus 13:51
- He shall examine the plague on the seventh day. If the plague has spread in the garment, either in the warp, or in the woof, or in the skin, whatever use the skin is used for, the plague is a destructive mildew. It is unclean.
- ગુજરાતી — લેવી ૧૩:૫૧
- સાતમે દિવસે તેણે ફરીથી તે તપાસવી. જો તે રોગ તે વસ્ત્રમાં, એટલે તાણામાં કે વાણામાં કે ગમે તે કામને માટે ચામડું વપરાયું હોય તે ચામડામાં પ્રસર્યો હોય, તો તે રોગ કોહવાડતો કુષ્ટરોગ સમજવો અને તે અશુદ્ધ છે.
संदर्भ में
४९यदि वह व्याधि किसी वस्त्र के चाहे ताने में चाहे बाने में, या चमड़े में या चमड़े की किसी वस्तु में हरी हो या लाल सी हो, तो जानना कि वह कोढ़ की व्याधि है और वह याजक को दिखाई जाए। (मत्ती 8:4, मर. 1:44, लूका 5:14, लूका 17:14)
५०और याजक व्याधि को देखे, और व्याधिवाली वस्तु को सात दिन के लिये बन्द करे;
५१और सातवें दिन वह उस व्याधि को देखे, और यदि वह वस्त्र के चाहे ताने में चाहे बाने में, या चमड़े में या चमड़े की बनी हुई किसी वस्तु में फैल गई हो, तो जानना कि व्याधि गलित कोढ़ है, इसलिए वह वस्तु, चाहे कैसे ही काम में क्यों न आती हो, तो भी अशुद्ध ठहरेगी।
५२वह उस वस्त्र को जिसके ताने या बाने में वह व्याधि हो, चाहे वह ऊन का हो चाहे सनी का, या चमड़े की वस्तु हो, उसको जला दे, वह व्याधि गलित कोढ़ की है; वह वस्तु आग में जलाई जाए।
५३“यदि याजक देखे कि वह व्याधि उस वस्त्र के ताने या बाने में, या चमड़े की उस वस्तु में नहीं फैली,
