मरकुस १४:५
क्योंकि यह इत्र तो तीन सौ दीनार से अधिक मूल्य में बेचकर गरीबों को बाँटा जा सकता था।” और वे उसको झिड़कने लगे।मरकुस १४:५ · IRV
यह पद अन्य भाषाओं में
- English — Mark 14:5
- For this might have been sold for more than three hundred denarii and given to the poor.” So they grumbled against her.
- ગુજરાતી — માર્ક ૧૪:૫
- કેમ કે એ અત્તર ત્રણસો દીનાર કરતાં વધારે કિંમતે વેચી શકાત. અને એ પૈસા ગરીબોને અપાત.’” તેઓએ તેની વિરુદ્ધ કચકચ કરી.
संदर्भ में
३जब वह बैतनिय्याह में शमौन कोढ़ी के घर भोजन करने बैठा हुआ था तब एक स्त्री संगमरमर के पात्र में जटामासी का बहुमूल्य शुद्ध इत्र लेकर आई; और पात्र तोड़कर इत्र को उसके सिर पर उण्डेला।
४परन्तु कुछ लोग अपने मन में झुँझलाकर कहने लगे, “इस इत्र का क्यों सत्यानाश किया गया?
५क्योंकि यह इत्र तो तीन सौ दीनार से अधिक मूल्य में बेचकर गरीबों को बाँटा जा सकता था।” और वे उसको झिड़कने लगे।
६यीशु ने कहा, “उसे छोड़ दो; उसे क्यों सताते हो? उसने तो मेरे साथ भलाई की है।
७गरीब तुम्हारे साथ सदा रहते हैं और तुम जब चाहो तब उनसे भलाई कर सकते हो; पर मैं तुम्हारे साथ सदा न रहूँगा। (व्यव. 15:11)
