मरकुस ५:१०
और उसने उससे बहुत विनती की, “हमें इस देश से बाहर न भेज।”मरकुस ५:१० · IRV
यह पद अन्य भाषाओं में
- English — Mark 5:10
- He begged him much that he would not send them away out of the country.
- ગુજરાતી — માર્ક ૫:૧૦
- તેણે તેમને ઘણી વિનંતી કરી, કે તે તેઓને દેશમાંથી કાઢી મૂકે નહિ.
संदर्भ में
८क्योंकि उसने उससे कहा था, “हे अशुद्ध आत्मा, इस मनुष्य में से निकल आ।”
९यीशु ने उससे पूछा, “तेरा क्या नाम है?” उसने उससे कहा, “ मेरा नाम सेना है ; क्योंकि हम बहुत हैं।”
१०और उसने उससे बहुत विनती की, “हमें इस देश से बाहर न भेज।”
११वहाँ पहाड़ पर सूअरों का एक बड़ा झुण्ड चर रहा था।
१२और उन्होंने उससे विनती करके कहा, “हमें उन सूअरों में भेज दे, कि हम उनके भीतर जाएँ।”
