मरकुस ६:४
यीशु ने उनसे कहा, “भविष्यद्वक्ता का अपने देश और अपने कुटुम्ब और अपने घर को छोड़ और कहीं भी निरादर नहीं होता।”मरकुस ६:४ · IRV
यह पद अन्य भाषाओं में
- English — Mark 6:4
- Jesus said to them, “A prophet is not without honor, except in his own country, and among his own relatives, and in his own house.”
- ગુજરાતી — માર્ક ૬:૪
- પણ ઈસુએ તેઓને કહ્યું કે, ‘પ્રબોધક પોતાના દેશ, પોતાનાં સગાં તથા પોતાના ઘર સિવાય બીજે ઠેકાણે માન વગરનો નથી.’”
संदर्भ में
२सब्त के दिन वह आराधनालय में उपदेश करने लगा; और बहुत लोग सुनकर चकित हुए और कहने लगे, “इसको ये बातें कहाँ से आ गई? और यह कौन सा ज्ञान है जो उसको दिया गया है? और कैसे सामर्थ्य के काम इसके हाथों से प्रगट होते हैं?
३क्या यह वही बढ़ई नहीं, जो मरियम का पुत्र, और याकूब और योसेस और यहूदा और शमौन का भाई है? और क्या उसकी बहनें यहाँ हमारे बीच में नहीं रहतीं?” इसलिए उन्होंने उसके विषय में ठोकर खाई।
४यीशु ने उनसे कहा, “भविष्यद्वक्ता का अपने देश और अपने कुटुम्ब और अपने घर को छोड़ और कहीं भी निरादर नहीं होता।”
५और वह वहाँ कोई सामर्थ्य का काम न कर सका, केवल थोड़े बीमारों पर हाथ रखकर उन्हें चंगा किया।
६और उसने उनके अविश्वास पर आश्चर्य किया और चारों ओर से गाँवों में उपदेश करता फिरा।
