मत्ती २५:४३
मैं परदेशी था, और तुम ने मुझे अपने घर में नहीं ठहराया; मैं नंगा था, और तुम ने मुझे कपड़े नहीं पहनाए; बीमार और बन्दीगृह में था, और तुम ने मेरी सुधि न ली।’मत्ती २५:४३ · IRV
यह पद अन्य भाषाओं में
- English — Matthew 25:43
- I was a stranger, and you didn’t take me in; naked, and you didn’t clothe me; sick, and in prison, and you didn’t visit me.’
- ગુજરાતી — માથ્થી ૨૫:૪૩
- હું પારકો હતો, પણ તમે મને અતિથિ રાખ્યો નહિ; નિર્વસ્ત્ર હતો, પણ તમે મને વસ્ત્ર પહેરાવ્યાં નહિ; માંદો તથા જેલમાં હતો, પણ તમે મારી ચાકરી કરી નહિ.’”
संदर्भ में
४१“तब वह बाईं ओर वालों से कहेगा, ‘हे श्रापित लोगों, मेरे सामने से उस अनन्त आग में चले जाओ, जो शैतान और उसके दूतों के लिये तैयार की गई है।
४२क्योंकि मैं भूखा था, और तुम ने मुझे खाने को नहीं दिया, मैं प्यासा था, और तुम ने मुझे पानी नहीं पिलाया;
४३मैं परदेशी था, और तुम ने मुझे अपने घर में नहीं ठहराया; मैं नंगा था, और तुम ने मुझे कपड़े नहीं पहनाए; बीमार और बन्दीगृह में था, और तुम ने मेरी सुधि न ली।’
४४“तब वे उत्तर देंगे, ‘हे प्रभु, हमने तुझे कब भूखा, या प्यासा, या परदेशी, या नंगा, या बीमार, या बन्दीगृह में देखा, और तेरी सेवा टहल न की?’
४५तब वह उन्हें उत्तर देगा, ‘मैं तुम से सच कहता हूँ कि तुम ने जो इन छोटे से छोटों में से किसी एक के साथ नहीं किया, वह मेरे साथ भी नहीं किया।’
