नीतिवचन १७:२६
धर्मी को दण्ड देना, और प्रधानों को खराई के कारण पिटवाना, दोनों काम अच्छे नहीं हैं।नीतिवचन १७:२६ · IRV
यह पद अन्य भाषाओं में
- English — Proverbs 17:26
- Also to punish the righteous is not good, nor to flog officials for their integrity.
- ગુજરાતી — નીતિવચનો ૧૭:૨૬
- વળી નિર્દોષને દંડ કરવો તથા પ્રામાણિકપણાને લીધે સજ્જનોને મારવા એ યોગ્ય નથી.
संदर्भ में
२४बुद्धि समझनेवाले के सामने ही रहती है, परन्तु मूर्ख की आँखें पृथ्वी के दूर-दूर देशों में लगी रहती हैं।
२५मूर्ख पुत्र से पिता उदास होता है, और उसकी जननी को शोक होता है।
२६धर्मी को दण्ड देना, और प्रधानों को खराई के कारण पिटवाना, दोनों काम अच्छे नहीं हैं।
२७जो सम्भलकर बोलता है, वह ज्ञानी ठहरता है; और जिसकी आत्मा शान्त रहती है, वही समझवाला पुरुष ठहरता है।
२८मूर्ख भी जब चुप रहता है, तब बुद्धिमान गिना जाता है; और जो अपना मुँह बन्द रखता वह समझवाला गिना जाता है।
