भजन संहिता २७:६
अब मेरा सिर मेरे चारों ओर के शत्रुओं से ऊँचा होगा; और मैं यहोवा के तम्बू में आनन्द के बलिदान चढ़ाऊँगा ; और मैं गाऊँगा और यहोवा के लिए गीत गाऊँगा। (भज. 3:3)भजन संहिता २७:६ · IRV
यह पद अन्य भाषाओं में
- English — Psalms 27:6
- Now my head will be lifted up above my enemies around me. I will offer sacrifices of joy in his tent. I will sing, yes, I will sing praises to the LORD.
- ગુજરાતી — ગીતશાસ્ત્ર ૨૭:૬
- પછી મારી આસપાસના શત્રુઓ પર મારું માથું ઊંચું કરવામાં આવશે અને હું તેમના મંડપમાં હર્ષનાદનાં અર્પણ ચઢાવીશ! હું ગાઈશ અને યહોવાહનાં સ્તોત્રો ગાઈશ!
संदर्भ में
४एक वर मैंने यहोवा से माँगा है, उसी के यत्न में लगा रहूँगा; कि मैं जीवन भर यहोवा के भवन में रहने पाऊँ, जिससे यहोवा की मनोहरता पर दृष्टि लगाए रहूँ, और उसके मन्दिर में ध्यान किया करूँ। (भज. 6:8, भज. 23:6, फिलि. 3:13)
५क्योंकि वह तो मुझे विपत्ति के दिन में अपने मण्डप में छिपा रखेगा; अपने तम्बू के गुप्त स्थान में वह मुझे छिपा लेगा, और चट्टान पर चढ़ाएगा। (भज. 91:1, भज. 40:2, भज. 138:7)
६अब मेरा सिर मेरे चारों ओर के शत्रुओं से ऊँचा होगा; और मैं यहोवा के तम्बू में आनन्द के बलिदान चढ़ाऊँगा ; और मैं गाऊँगा और यहोवा के लिए गीत गाऊँगा। (भज. 3:3)
७हे यहोवा, मेरा शब्द सुन, मैं पुकारता हूँ, तू मुझ पर दया कर और मुझे उत्तर दे। (भज. 130:2-4, भज. 13:3)
८तूने कहा है, “मेरे दर्शन के खोजी हो।” इसलिए मेरा मन तुझ से कहता है, “हे यहोवा, तेरे दर्शन का मैं खोजी रहूँगा।”
