भजन संहिता ६६:१४
जो मैंने मुँह खोलकर मानीं, और संकट के समय कही थीं।भजन संहिता ६६:१४ · IRV
यह पद अन्य भाषाओं में
- English — Psalms 66:14
- which my lips promised, and my mouth spoke, when I was in distress.
- ગુજરાતી — ગીતશાસ્ત્ર ૬૬:૧૪
- હું જ્યારે સંકટમાં હતો, ત્યારે મારા મુખે હું જે બોલ્યો અને મારા હોઠોએ જે વચન આપ્યું હતું, તે હું પૂરું કરીશ.
संदर्भ में
१२तूने घुड़चढ़ों को हमारे सिरों के ऊपर से चलाया, हम आग और जल से होकर गए; परन्तु तूने हमको उबार के सुख से भर दिया है।
१३मैं होमबलि लेकर तेरे भवन में आऊँगा मैं उन मन्नतों को तेरे लिये पूरी करूँगा ,
१४जो मैंने मुँह खोलकर मानीं, और संकट के समय कही थीं।
१५मैं तुझे मोटे पशुओं की होमबलि, मेढ़ों की चर्बी की धूप समेत चढ़ाऊँगा; मैं बकरों समेत बैल चढ़ाऊँगा। (सेला)
१६हे परमेश्वर के सब डरवैयों, आकर सुनो, मैं बताऊँगा कि उसने मेरे लिये क्या-क्या किया है।
