प्रकाशितवाक्य ७:१२
“ आमीन , हमारे परमेश्वर की स्तुति, महिमा, ज्ञान, धन्यवाद, आदर, सामर्थ्य, और शक्ति युगानुयुग बनी रहें। आमीन।”प्रकाशितवाक्य ७:१२ · IRV
यह पद अन्य भाषाओं में
- English — Revelation 7:12
- saying, “Amen! Blessing, glory, wisdom, thanksgiving, honor, power, and might, be to our God forever and ever! Amen.”
- ગુજરાતી — પ્રકટીકરણ ૭:૧૨
- ‘આમીન, સ્તુતિ, મહિમા, જ્ઞાન, આભાર, માન, પરાક્રમ તથા સામર્થ્ય સર્વકાળ સુધી અમારા ઈશ્વરને હો; આમીન.’”
संदर्भ में
१०और बड़े शब्द से पुकारकर कहती है, “ उद्धार के लिये हमारे परमेश्वर का , जो सिंहासन पर बैठा है, और मेम्ने का जय जयकार हो।” (प्रका. 19:1, भज. 3:8)
११और सारे स्वर्गदूत, उस सिंहासन और प्राचीनों और चारों प्राणियों के चारों ओर खड़े हैं, फिर वे सिंहासन के सामने मुँह के बल गिर पड़े और परमेश्वर को दण्डवत् करके कहा,
१२“ आमीन , हमारे परमेश्वर की स्तुति, महिमा, ज्ञान, धन्यवाद, आदर, सामर्थ्य, और शक्ति युगानुयुग बनी रहें। आमीन।”
१३इस पर प्राचीनों में से एक ने मुझसे कहा, “ये श्वेत वस्त्र पहने हुए कौन हैं? और कहाँ से आए हैं?”
१४मैंने उससे कहा, “हे स्वामी, तू ही जानता है।” उसने मुझसे कहा, “ये वे हैं, जो उस महाक्लेश में से निकलकर आए हैं; इन्होंने अपने-अपने वस्त्र मेम्ने के लहू में धोकर श्वेत किए हैं। (प्रका. 22:14)
