रोमियों ३:७
यदि मेरे झूठ के कारण परमेश्वर की सच्चाई उसकी महिमा के लिये अधिक करके प्रगट हुई, तो फिर क्यों पापी के समान मैं दण्ड के योग्य ठहराया जाता हूँ?रोमियों ३:७ · IRV
यह पद अन्य भाषाओं में
- English — Romans 3:7
- For if the truth of God through my lie abounded to his glory, why am I also still judged as a sinner?
- ગુજરાતી — રોમનોને પત્ર ૩:૭
- પણ જો મારા અસત્યથી ઈશ્વરનું સત્ય તેમના મહિમાને અર્થે વધારે પ્રગટ થયું, તો હજુ સુધી અપરાધી તરીકે મારો ન્યાય કેમ કરવામાં આવે છે?
संदर्भ में
५पर यदि हमारा अधर्म परमेश्वर की धार्मिकता ठहरा देता है, तो हम क्या कहें? क्या यह कि परमेश्वर जो क्रोध करता है अन्यायी है? (यह तो मैं मनुष्य की रीति पर कहता हूँ)।
६कदापि नहीं! नहीं तो परमेश्वर कैसे जगत का न्याय करेगा?
७यदि मेरे झूठ के कारण परमेश्वर की सच्चाई उसकी महिमा के लिये अधिक करके प्रगट हुई, तो फिर क्यों पापी के समान मैं दण्ड के योग्य ठहराया जाता हूँ?
८“ हम क्यों बुराई न करें कि भलाई निकले ?” जैसा हम पर यही दोष लगाया भी जाता है, और कुछ कहते हैं कि इनका यही कहना है। परन्तु ऐसों का दोषी ठहराना ठीक है।
९तो फिर क्या हुआ? क्या हम उनसे अच्छे हैं? कभी नहीं; क्योंकि हम यहूदियों और यूनानियों दोनों पर यह दोष लगा चुके हैं कि वे सब के सब पाप के वश में हैं।
