1 तीमुथियुस ६:४
तो वह अभिमानी है और कुछ नहीं जानता, वरन् उसे विवाद और शब्दों पर तर्क करने का रोग है, जिनसे डाह, और झगड़े, और निन्दा की बातें, और बुरे-बुरे सन्देह,1 तीमुथियुस ६:४ · IRV
यह पद अन्य भाषाओं में
- English — 1 Timothy 6:4
- he is conceited, knowing nothing, but obsessed with arguments, disputes, and word battles, from which come envy, strife, insulting, evil suspicions,
- ગુજરાતી — તિમોથીને પહેલો પત્ર ૬:૪
- તો તે અભિમાની છે, અને કંઈ જાણતો નથી, પણ તે વાદવિવાદ અને શાબ્દિક તકરારોથી પીડાય છે કે જેમાંથી અદેખાઈ, ઝઘડા, નિંદા, દુષ્ટ શંકાઓ ઊપજે છે,
संदर्भ में
२और जिनके स्वामी विश्वासी हैं, इन्हें वे भाई होने के कारण तुच्छ न जानें; वरन् उनकी और भी सेवा करें, क्योंकि इससे लाभ उठानेवाले विश्वासी और प्रेमी हैं। इन बातों का उपदेश किया कर और समझाता रह।
३यदि कोई और ही प्रकार का उपदेश देता है और खरी बातों को, अर्थात् हमारे प्रभु यीशु मसीह की बातों को और उस उपदेश को नहीं मानता, जो भक्ति के अनुसार है।
४तो वह अभिमानी है और कुछ नहीं जानता, वरन् उसे विवाद और शब्दों पर तर्क करने का रोग है, जिनसे डाह, और झगड़े, और निन्दा की बातें, और बुरे-बुरे सन्देह,
५और उन मनुष्यों में व्यर्थ रगड़े-झगड़े उत्पन्न होते हैं, जिनकी बुद्धि बिगड़ गई है और वे सत्य से विहीन हो गए हैं, जो समझते हैं कि भक्ति लाभ का द्वार है।
६पर सन्तोष सहित भक्ति बड़ी लाभ है।
