प्रेरितों के काम २५:११
यदि अपराधी हूँ और मार डाले जाने योग्य कोई काम किया है, तो मरने से नहीं मुकरता; परन्तु जिन बातों का ये मुझ पर दोष लगाते हैं, यदि उनमें से कोई बात सच न ठहरे, तो कोई मुझे उनके हाथ नहीं सौंप सकता। मैं कैसर की दुहाई देता हूँ।”प्रेरितों के काम २५:११ · IRV
यह पद अन्य भाषाओं में
- English — Acts 25:11
- For if I have done wrong and have committed anything worthy of death, I don’t refuse to die; but if none of those things is true that they accuse me of, no one can give me up to them. I appeal to Caesar!”
- ગુજરાતી — પ્રેરિતોનાં કૃત્યો ૨૫:૧૧
- જો હું ગુનેગાર હોઉં, અને મરણદંડને યોગ્ય મેં કંઈ કર્યું હોય, તો હું મરવાને ના નથી પાડતો, પણ જે વિષે તેઓ મારા પર આરોપ મૂકે છે તેમાંની જો એકે વાત સાચી ન હોય તો તેઓના હાથમાં કોઈ મને સોંપી શકતો નથી. હું કાઈસારની પાસે દાદ માંગુ છું.’”
संदर्भ में
९तब फेस्तुस ने यहूदियों को खुश करने की इच्छा से पौलुस को उत्तर दिया, “क्या तू चाहता है कि यरूशलेम को जाए; और वहाँ मेरे सामने तेरा यह मुकद्दमा तय किया जाए?”
१०पौलुस ने कहा, “मैं कैसर के न्याय आसन के सामने खड़ा हूँ; मेरे मुकद्दमे का यहीं फैसला होना चाहिए। जैसा तू अच्छी तरह जानता है, यहूदियों का मैंने कुछ अपराध नहीं किया।
११यदि अपराधी हूँ और मार डाले जाने योग्य कोई काम किया है, तो मरने से नहीं मुकरता; परन्तु जिन बातों का ये मुझ पर दोष लगाते हैं, यदि उनमें से कोई बात सच न ठहरे, तो कोई मुझे उनके हाथ नहीं सौंप सकता। मैं कैसर की दुहाई देता हूँ।”
१२तब फेस्तुस ने मंत्रियों की सभा के साथ विचार करके उत्तर दिया, “तूने कैसर की दुहाई दी है, तो तू कैसर के पास ही जाएगा।”
१३कुछ दिन बीतने के बाद अग्रिप्पा राजा और बिरनीके ने कैसरिया में आकर फेस्तुस से भेंट की।
