प्रेरितों के काम २५:९
तब फेस्तुस ने यहूदियों को खुश करने की इच्छा से पौलुस को उत्तर दिया, “क्या तू चाहता है कि यरूशलेम को जाए; और वहाँ मेरे सामने तेरा यह मुकद्दमा तय किया जाए?”प्रेरितों के काम २५:९ · IRV
यह पद अन्य भाषाओं में
- English — Acts 25:9
- But Festus, desiring to gain favor with the Jews, answered Paul and said, “Are you willing to go up to Jerusalem and be judged by me there concerning these things?”
- ગુજરાતી — પ્રેરિતોનાં કૃત્યો ૨૫:૯
- પણ ફેસ્તસે યહૂદીઓને ખુશ કરવાની ઇચ્છાથી પાઉલને ઉત્તર આપ્યો કે, ‘શું તું યરુશાલેમમાં જઈને ત્યાં એ બાબતો વિષે મારી આગળ પોતાનો ન્યાય કરાવવાને રાજી છે?’
संदर्भ में
७जब वह आया, तो जो यहूदी यरूशलेम से आए थे, उन्होंने आस-पास खड़े होकर उस पर बहुत से गम्भीर दोष लगाए, जिनका प्रमाण वे नहीं दे सकते थे।
८परन्तु पौलुस ने उत्तर दिया, “मैंने न तो यहूदियों की व्यवस्था के और न मन्दिर के, और न कैसर के विरुद्ध कोई अपराध किया है।”
९तब फेस्तुस ने यहूदियों को खुश करने की इच्छा से पौलुस को उत्तर दिया, “क्या तू चाहता है कि यरूशलेम को जाए; और वहाँ मेरे सामने तेरा यह मुकद्दमा तय किया जाए?”
१०पौलुस ने कहा, “मैं कैसर के न्याय आसन के सामने खड़ा हूँ; मेरे मुकद्दमे का यहीं फैसला होना चाहिए। जैसा तू अच्छी तरह जानता है, यहूदियों का मैंने कुछ अपराध नहीं किया।
११यदि अपराधी हूँ और मार डाले जाने योग्य कोई काम किया है, तो मरने से नहीं मुकरता; परन्तु जिन बातों का ये मुझ पर दोष लगाते हैं, यदि उनमें से कोई बात सच न ठहरे, तो कोई मुझे उनके हाथ नहीं सौंप सकता। मैं कैसर की दुहाई देता हूँ।”
