सभोपदेशक ७:६
क्योंकि मूर्ख की हँसी हाण्डी के नीचे जलते हुए काँटों ही चरचराहट के समान होती है; यह भी व्यर्थ है।सभोपदेशक ७:६ · IRV
यह पद अन्य भाषाओं में
- English — Ecclesiastes 7:6
- For as the crackling of thorns under a pot, so is the laughter of the fool. This also is vanity.
- ગુજરાતી — સભાશિક્ષક ૭:૬
- કેમ કે જેમ સગડી પરના પાત્રની નીચે કાંટાનો ભડભડાટ હોય છે તેમ મૂર્ખનું હાસ્ય છે એ પણ વ્યર્થતા છે.
संदर्भ में
४बुद्धिमानों का मन शोक करनेवालों के घर की ओर लगा रहता है परन्तु मूर्खों का मन आनन्द करनेवालों के घर लगा रहता है।
५मूर्खों के गीत सुनने से बुद्धिमान की घुड़की सुनना उत्तम है।
६क्योंकि मूर्ख की हँसी हाण्डी के नीचे जलते हुए काँटों ही चरचराहट के समान होती है; यह भी व्यर्थ है।
७निश्चय अंधेर से बुद्धिमान बावला हो जाता है ; और घूस से बुद्धि नाश होती है।
८किसी काम के आरम्भ से उसका अन्त उत्तम है; और धीरजवन्त पुरुष अहंकारी से उत्तम है।
