यहेजकेल १७:६
वह उगकर छोटी फैलनेवाली अंगूर की लता हो गई जिसकी डालियाँ उसकी ओर झुकी, और उसकी जड़ उसके नीचे फैली; इस प्रकार से वह अंगूर की लता होकर कनखा फोड़ने और पत्तों से भरने लगी।यहेजकेल १७:६ · IRV
यह पद अन्य भाषाओं में
- English — Ezekiel 17:6
- It grew and became a spreading vine of low stature, whose branches turned toward him, and its roots were under him. So it became a vine, produced branches, and shot out sprigs.
- ગુજરાતી — હઝકિયેલ ૧૭:૬
- તે બીજમાંથી વેલો ઊગીને વધવા લાગ્યો અને તે વધીને નીચા કદનો ફાલેલો દ્રાક્ષાવેલો બન્યો. તેની ડાળીઓ તેની તરફ વળી અને તેનાં મૂળ તેની નીચે હતાં. તે દ્રાક્ષાવેલો બન્યો, તેને ડાળીઓ આવી અને કૂંપળો ફૂટી નીકળી.
संदर्भ में
४तब उसने उस फुनगी की सबसे ऊपर की पतली टहनी को तोड़ लिया, और उसे लेन-देन करनेवालों के देश में ले जाकर व्यापारियों के एक नगर में लगाया।
५तब उसने देश का कुछ बीज लेकर एक उपजाऊ खेत में बोया, और उसे बहुत जलभरे स्थान में मजनू के समान लगाया।
६वह उगकर छोटी फैलनेवाली अंगूर की लता हो गई जिसकी डालियाँ उसकी ओर झुकी, और उसकी जड़ उसके नीचे फैली; इस प्रकार से वह अंगूर की लता होकर कनखा फोड़ने और पत्तों से भरने लगी।
७“फिर एक और लम्बे पंखवाला और परों से भरा हुआ बड़ा उकाब पक्षी था; और वह अंगूर की लता उस स्थान से जहाँ वह लगाई गई थी, उस दूसरे उकाब की ओर अपनी जड़ फैलाने और अपनी डालियाँ झुकाने लगी कि वह उसे खींचा करे।
८परन्तु वह तो इसलिए अच्छी भूमि में बहुत जल के पास लगाई गई थी, कि कनखाएँ फोड़े, और फले, और उत्तम अंगूर की लता बने।
