उत्पत्ति ४७:१४
और जितना रुपया मिस्र और कनान देश में था, सब को यूसुफ ने उस अन्न के बदले, जो उनके निवासी मोल लेते थे इकट्ठा करके फ़िरौन के भवन में पहुँचा दिया।उत्पत्ति ४७:१४ · IRV
यह पद अन्य भाषाओं में
- English — Genesis 47:14
- Joseph gathered up all the money that was found in the land of Egypt, and in the land of Canaan, for the grain which they bought: and Joseph brought the money into Pharaoh’s house.
- ગુજરાતી — ઉત્પત્તિ ૪૭:૧૪
- લોકોએ જે અન્ન વેચાતું લીધું તેને બદલે જે નાણાં મિસર દેશમાંથી તથા કનાન દેશમાંથી મળ્યા, તે સર્વ યૂસફે એકઠા કર્યાં. પછી યૂસફે તે નાણાં ફારુનના રાજ્યભંડારમાં જમા કરાવ્યા.
संदर्भ में
१२और यूसुफ अपने पिता का, और अपने भाइयों का, और पिता के सारे घराने का, एक-एक के बाल-बच्चों की गिनती के अनुसार, भोजन दिला-दिलाकर उनका पालन-पोषण करने लगा।
१३उस सारे देश में खाने को कुछ न रहा; क्योंकि अकाल बहुत भारी था, और अकाल के कारण मिस्र और कनान दोनों देश नाश हो गए।
१४और जितना रुपया मिस्र और कनान देश में था, सब को यूसुफ ने उस अन्न के बदले, जो उनके निवासी मोल लेते थे इकट्ठा करके फ़िरौन के भवन में पहुँचा दिया।
१५जब मिस्र और कनान देश का रुपया समाप्त हो गया, तब सब मिस्री यूसुफ के पास आ आकर कहने लगे, “हमको भोजनवस्तु दे, क्या हम रुपये के न रहने से तेरे रहते हुए मर जाएँ?”
१६यूसुफ ने कहा, “यदि रुपये न हों तो अपने पशु दे दो, और मैं उनके बदले तुम्हें खाने को दूँगा।”
