यशायाह ६५:३
ऐसे लोग, जो मेरे सामने ही बारियों में बलि चढ़ा-चढ़ाकर और ईंटों पर धूप जला-जलाकर, मुझे लगातार क्रोध दिलाते हैं।यशायाह ६५:३ · IRV
यह पद अन्य भाषाओं में
- English — Isaiah 65:3
- a people who provoke me to my face continually, sacrificing in gardens, and burning incense on bricks;
- ગુજરાતી — યશાયા ૬૫:૩
- તે એવા લોકો છે જે નિત્ય મને નારાજ કરે છે, તેઓ બગીચાઓમાં જઈને બલિદાનનું અર્પણ કરે છે અને ઈંટોની વેદી પર ધૂપ ચઢાવે છે.
संदर्भ में
१जो मुझ को पूछते भी न थे वे मेरे खोजी हैं; जो मुझे ढूँढ़ते भी न थे उन्होंने मुझे पा लिया, और जो जाति मेरी नहीं कहलाई थी, उससे भी मैं कहता हूँ, “देख, मैं उपस्थित हूँ।”
२मैं एक हठीली जाति के लोगों की ओर दिन भर हाथ फैलाए रहा, जो अपनी युक्तियों के अनुसार बुरे मार्गों में चलते हैं। (रोम. 10:20,21)
३ऐसे लोग, जो मेरे सामने ही बारियों में बलि चढ़ा-चढ़ाकर और ईंटों पर धूप जला-जलाकर, मुझे लगातार क्रोध दिलाते हैं।
४ये कब्र के बीच बैठते और छिपे हुए स्थानों में रात बिताते; जो सूअर का माँस खाते , और घृणित वस्तुओं का रस अपने बर्तनों में रखते;
५जो कहते हैं, “हट जा, मेरे निकट मत आ, क्योंकि मैं तुझ से पवित्र हूँ।” ये मेरी नाक में धुएँ व उस आग के समान हैं जो दिन भर जलती रहती है। विद्रोहियों को दण्ड
