नीतिवचन १५:५
मूर्ख अपने पिता की शिक्षा का तिरस्कार करता है, परन्तु जो डाँट को मानता, वह विवेकी हो जाता है।नीतिवचन १५:५ · IRV
यह पद अन्य भाषाओं में
- English — Proverbs 15:5
- A fool despises his father’s correction, but he who heeds reproof shows prudence.
- ગુજરાતી — નીતિવચનો ૧૫:૫
- મૂર્ખ પોતાના પિતાની શિખામણને તુચ્છ ગણે છે, પણ ઠપકાને ગંભીરતાથી લક્ષમાં લેનાર શાણો થાય છે.
संदर्भ में
३यहोवा की आँखें सब स्थानों में लगी रहती हैं , वह बुरे भले दोनों को देखती रहती हैं।
४शान्ति देनेवाली बात जीवन-वृक्ष है, परन्तु उलट-फेर की बात से आत्मा दुःखित होती है।
५मूर्ख अपने पिता की शिक्षा का तिरस्कार करता है, परन्तु जो डाँट को मानता, वह विवेकी हो जाता है।
६धर्मी के घर में बहुत धन रहता है, परन्तु दुष्ट के कमाई में दुःख रहता है।
७बुद्धिमान लोग बातें करने से ज्ञान को फैलाते हैं, परन्तु मूर्खों का मन ठीक नहीं रहता।
