भजन संहिता ९५:१०
चालीस वर्ष तक मैं उस पीढ़ी के लोगों से रूठा रहा, और मैंने कहा, “ये तो भरमानेवाले मन के हैं, और इन्होंने मेरे मार्गों को नहीं पहचाना।”भजन संहिता ९५:१० · IRV
यह पद अन्य भाषाओं में
- English — Psalms 95:10
- Forty long years I was grieved with that generation, and said, “They are a people who err in their heart. They have not known my ways.”
- ગુજરાતી — ગીતશાસ્ત્ર ૯૫:૧૦
- કેમ કે ચાળીસ વર્ષ સુધી હું તે પેઢીથી કંટાળી જતો હતો અને કહ્યું, ‘તે આ જ લોકો છે, કે જેઓનાં હૃદયો કુમાર્ગે ભટકી ગયાં છે; તેઓ મારા માર્ગો જાણતા નથી .’
संदर्भ में
८अपना-अपना हृदय ऐसा कठोर मत करो, जैसा मरीबा में, व मस्सा के दिन जंगल में हुआ था,
९जब तुम्हारे पुरखाओं ने मुझे परखा , उन्होंने मुझ को जाँचा और मेरे काम को भी देखा।
१०चालीस वर्ष तक मैं उस पीढ़ी के लोगों से रूठा रहा, और मैंने कहा, “ये तो भरमानेवाले मन के हैं, और इन्होंने मेरे मार्गों को नहीं पहचाना।”
११इस कारण मैंने क्रोध में आकर शपथ खाई कि ये मेरे विश्रामस्थान में कभी प्रवेश न करने पाएँगे । (इब्रा. 3:7-19)
