प्रकाशितवाक्य ४:१०
तब चौबीसों प्राचीन सिंहासन पर बैठनेवाले के सामने गिर पड़ेंगे, और उसे जो युगानुयुग जीविता है प्रणाम करेंगे; और अपने-अपने मुकुट सिंहासन के सामने यह कहते हुए डाल देंगे, (भज. 47:8)प्रकाशितवाक्य ४:१० · IRV
यह पद अन्य भाषाओं में
- English — Revelation 4:10
- the twenty-four elders fall down before him who sits on the throne and worship him who lives forever and ever, and throw their crowns before the throne, saying,
- ગુજરાતી — પ્રકટીકરણ ૪:૧૦
- ત્યારે ચોવીસ વડીલો રાજ્યાસન પર બેઠેલાને દંડવત પ્રણામ કરશે. જે સદાસર્વકાળ સુધી જીવંત છે તેમની આરાધના કરશે અને રાજ્યાસન આગળ પોતાના મુગટ ઉતારીને કહેશે કે,
संदर्भ में
८और चारों प्राणियों के छः छः पंख हैं, और चारों ओर, और भीतर आँखें ही आँखें हैं; और वे रात-दिन बिना विश्राम लिए यह कहते रहते हैं, (यशा. 6:2,3) “पवित्र, पवित्र, पवित्र प्रभु परमेश्वर, सर्वशक्तिमान, जो था, और जो है, और जो आनेवाला है।”
९और जब वे प्राणी उसकी जो सिंहासन पर बैठा है, और जो युगानुयुग जीविता है, महिमा और आदर और धन्यवाद करेंगे। (दानि. 12:7)
१०तब चौबीसों प्राचीन सिंहासन पर बैठनेवाले के सामने गिर पड़ेंगे, और उसे जो युगानुयुग जीविता है प्रणाम करेंगे; और अपने-अपने मुकुट सिंहासन के सामने यह कहते हुए डाल देंगे, (भज. 47:8)
११“हे हमारे प्रभु, और परमेश्वर, तू ही महिमा, और आदर, और सामर्थ्य के योग्य है; क्योंकि तू ही ने सब वस्तुएँ सृजीं और तेरी ही इच्छा से, वे अस्तित्व में थीं और सृजी गईं।”
