Skip to content
Methodist Church Nadiad
उसकी बातें अनर्थ और छल की हैं; उसने बुद्धि और भलाई के काम करने से हाथ उठाया है।

भजन संहिता ३६:३ · IRV

यह पद अन्य भाषाओं में

EnglishPsalms 36:3
The words of his mouth are iniquity and deceit. He has ceased to be wise and to do good.
ગુજરાતીગીતશાસ્ત્ર ૩૬:૩
તેના શબ્દો અન્યાય તથા કપટથી ભરેલા છે; તેને જ્ઞાની થવાનું તથા ભલું કરવાનું ગમતું નથી.

संदर्भ में

दुष्ट जन का अपराध उसके हृदय के भीतर कहता है; परमेश्वर का भय उसकी दृष्टि में नहीं है। (रोम. 3:18)

वह अपने अधर्म के प्रगट होने और घृणित ठहरने के विषय अपने मन में चिकनी चुपड़ी बातें विचारता है।

उसकी बातें अनर्थ और छल की हैं; उसने बुद्धि और भलाई के काम करने से हाथ उठाया है।

वह अपने बिछौने पर पड़े-पड़े अनर्थ की कल्पना करता है ; वह अपने कुमार्ग पर दृढ़ता से बना रहता है; बुराई से वह हाथ नहीं उठाता।

हे यहोवा, तेरी करुणा स्वर्ग में है, तेरी सच्चाई आकाशमण्डल तक पहुँची है।

पूरा अध्याय पढ़ें

Ask us anything

Try asking

This assistant searches this website and the Bible, and uses AI for general questions about the Bible — those answers are marked. It cannot answer everything; for anything personal, please speak to our pastors.